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स्कूल के बाहर खडा कर इन्ही बच्चों को बनाया गया मनरेगा मजदूर Photograph: (self)
बदायूं, वाईबीएन नेटवर्क
बदायूं जिले में मनरेगा में इस बार ऐसा घोटाला सामने आया है जिसे सुनकर सभी हैरत में पड जाएं। घोटालेबाजों ने इस बार प्राइमरी स्कूल के बच्चोें को ही मनरेगा मजदूर बनाकर उनके नाम से भुगतान भी निकाल लिया। इस कारनामे में जिम्मेदार शामिल हैं। इस तरह का घोटाला सामने आने के बाद सभी हैरत में हैं, हालांकि इस मामले में अब शिकायतों का दौर शुरू हो गया है।
इर तरह किया गया घोटाला
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ब्लॉक अंबियापुर के गांव रामपुर टांडा में परिषदीय स्कूल के सामने जलभराव हो जाने की वजह से वहां ग्राम पंचायत और स्वयं सहायता समूह की ओर से मनरेगा के तहत खडंजा कार्य होना था। ऐसे में वहां मिट्टी भराव का कार्य नियम विरुद्ध जेसीबी से कराया गया और मनरेगा मजदूरों से कार्य दिखाने के लिए प्राइमरी स्कूल के बच्चों को बाहर बुलाया गया। उन बच्चों को स्कूल के गेट पर ही खडा करके उनका फोटो बाकायदा मनरेगा की साइट पर अपलोड किया गया। इसके बाद उनके नाम पर जॉब कार्ड जारी करते हुए भुगतान भी जारी कर दिया गया।
अफसरों ने भी नहीं उठाए बच्चों के फोटो पर सवाल
हैरत की बात तो यह है कि मनरेगा के तहत इतना बढा घोटाला हुआ और जिम्मेदार अफसर भी खामोशी से भुगतान करते रहे। बच्चों के फोटो को देखकर कोई भी सवाल उठा सकता है, लेकिन जिम्मेदार अफसरों ने वह फोटो साइट पर देखने के बाद भी सवाल नहीं उठाए।
कादरचौक और समरेर ब्लॉक में भी हुआ मनरेगा घोटाला
मनरेगा के तहत अंबियापुर ब्लॉक की तरह ही कादरचौक और समरेर ब्लॉक में घोटाला सामने आया है। वहां भी बच्चों के फोटो साइट पर अपलोड कर भुगतान निकाला गया। हालांकि मामला चर्चा में आने के बाद सीडीओ केशव कुमार ने कहा है कि इस मामले में जल्द कार्रवाई की जाएगी।