Advertisment

Covid : लगातार मिल रहे हैं कोविड के नए मामले,सतर्कता जरूरी

गाजियाबाद में कोविड-19 के 7 नए मामले सामने आए हैं, जिससे जिले में अब तक कुल मामलों की संख्या 86 हो गई है। स्वास्थ्य विभाग की रिपोर्ट के अनुसार इन नए संक्रमितों में विभिन्न आयु वर्ग के लोग शामिल हैं, जो दर्शाता है कि संक्रमण का खतरा अब भी बरकरार है।

author-image
Syed Ali Mehndi
covid cases in india
Listen to this article
0.75x1x1.5x
00:00/ 00:00

गाजियाबाद, वाईबीएन संवाददाता

गाजियाबाद में कोविड-19 के 7 नए मामले सामने आए हैं, जिससे जिले में अब तक कुल मामलों की संख्या 86 हो गई है। स्वास्थ्य विभाग की रिपोर्ट के अनुसार इन नए संक्रमितों में विभिन्न आयु वर्ग के लोग शामिल हैं, जो दर्शाता है कि संक्रमण का खतरा अब भी बरकरार है।

32 वर्षीय महिला संक्रमित 

नए मामलों में संजय नगर निवासी 32 वर्षीय महिला और संजय कॉलोनी निवासी 36 वर्षीय पुरुष शामिल हैं, दोनों को पिछले पांच दिनों से बुखार और खांसी की शिकायत है तथा वे फिलहाल घर पर आइसोलेशन में हैं। वहीं, मोहननगर निवासी 6 वर्षीय बच्चा तेज बुखार के कारण अस्पताल में भर्ती है।

सांस लेने में तकलीफ

वसुंधरा निवासी 63 वर्षीय पुरुष को बुखार और सांस लेने में तकलीफ होने के कारण अस्पताल में भर्ती किया गया है। साहिबाबाद के 37 वर्षीय पुरुष को भी बुखार और खांसी है लेकिन वे होम आइसोलेशन में हैं। कौशांबी निवासी 70 वर्षीय बुजुर्ग महिला और वैशाली निवासी 84 वर्षीय बुजुर्ग पुरुष में भी संक्रमण की पुष्टि हुई है, जिनमें महिला को अस्पताल में भर्ती किया गया है जबकि पुरुष को घर पर रखा गया है।

23 मामले सक्रिय 

वर्तमान में जिले में कुल सक्रिय मामलों की संख्या 23 है, जिनमें से 20 मरीज घर पर आइसोलेशन में हैं और 3 मरीजों का इलाज अस्पताल में चल रहा है। राहत की बात यह है कि अधिकांश मरीजों में लक्षण हल्के हैं और स्थिति नियंत्रण में है।हालांकि, बुजुर्गों और बच्चों में कोविड के नए मामले चिंता का कारण हैं, क्योंकि इन आयु वर्गों में रोग प्रतिरोधक क्षमता अपेक्षाकृत कमजोर होती है। स्वास्थ्य विभाग ने लोगों से अपील की है कि बुखार, खांसी या सांस लेने में दिक्कत होने पर तुरंत डॉक्टर से संपर्क करें और खुद को आइसोलेट करें।

कॉविड प्रोटोकॉल आवश्यक

Advertisment

इसके साथ ही नागरिकों को कोविड प्रोटोकॉल का पालन करने, भीड़भाड़ से बचने, मास्क पहनने और नियमित रूप से हाथ धोने की सलाह दी गई है। जिले में टीकाकरण की रफ्तार भी तेज की जा रही है ताकि संक्रमण की श्रृंखला को रोका जा सके।स्वास्थ्य विभाग लगातार निगरानी कर रहा है और संदिग्ध मामलों की तुरंत जांच की जा रही है। विशेषज्ञों का कहना है कि संक्रमण की यह लहर छोटी हो सकती है, लेकिन लापरवाही भारी पड़ सकती है। अतः सतर्कता और सजगता ही इस चुनौती से निपटने का सबसे बड़ा उपाय है।

Advertisment
Advertisment