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डीएम के पहुंचने से समाधान दिवस में आई रौनक, ज्यादा पहुंचे फरियादी

कानपुर के बिल्हौर ब्लॉक में आयोजित संपूर्ण समाधान दिवस पर जिलाधिकारी जितेंद्र प्रताप सिंह के आगमन से कार्यक्रम में उत्साह का माहौल बन गया। पहले से ही फरियादी उपस्थित थे।

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Akhilesh Shukla
तहसील दिवस में आए अधिकारी।

तहसील दिवस में आए अधिकारी। Photograph: (कानपुर वाईबीएन)

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कानपुर वाईबीएन संवाददाता 

कानपुर के बिल्हौर ब्लाक में शनिवार को आयोजित संपूर्ण समाधान दिवस में डीएम जितेंद्र प्रताप सिंह पहुंचे तो यहां रौनक आ गई। पहले से यहां फरियादी मौजूद थे लेकिन डीएम के यहां पहुंचने की सूचना पर फरियादियों की संख्या और बढ़ गई जिससे यह समाधान दिवस दोपहर करीब तीन बजे तक चला और फरियादी अपनी समस्या का समाधान कराने के लिये अपनी अपनी बात जिलाधिकारी व अन्य अधिकारियों के सामने रखते रहे। काफी समय बाद समाधान दिवस में पौने दो सौ से ज्यादा फिरयादियों ने अपनी बात अधिकारियों के सामने रखी।

छात्रा ने निजी स्कूल की शिकायत की तो सभासद ने पालिका में भ्रष्टाचार की

समाधान दिवस में चौबेपुर की नर्सिंग छात्रा ने अपना दुखड़ा सुनाते हुए निजी विद्यालय पर गंभीर आरोप लगाए तो जिलाधिकारी ने जांच कराकर कार्रवाई करने का भरोसा देकर छात्रा के चेहरे पर खुशी ला दी। पिछले दिनों विवाद के बाद चर्चा में चल रहे बिल्हौर के सभासद अतुल तिवारी ने नगर पालिका में व्याप्त भ्रष्टाचार की फरियाद सुनाई। इस दौरान करीब एक महीने से तहसील प्रांगण में धरने पर बैठे भारतीय किसान यूनियन के पदाधिकारियों ने अपनी मांगों को जिलाधिकारी के सामने रखकर इनका समाधान कराने की फरियाद रखी प्रधान संघ के अध्यक्ष और महिगवां ग्राम प्रधान अजीत सिंह रजावत कई प्रधानों के साथ गांव की समस्याओं की फरियाद सुनाई। 

जूनियर स्कूल जाने का नहीं है कोई रास्ता

कई लोगों ने बरौली के सरकारी जूनियर स्कूल के लिए 20 वर्षों बाद भी कोई रास्ता न होने का मसला डीएम के सामने रखा। डीएम ने क्रमवार फरियादों को गंभीरता से सुन संबंधित अफसरों को जांच कर निस्तारण को लेकर व्यापक प्रयास करने के निर्देश दिए। डीएम की आमद से फरियादियों की आस का ग्राफ चढ़ा रहा। आयोजन में सभागार खचाखच रहा। आखिर तक तकरीबन 180 शिकायतें रिकॉर्ड की गई। इसमें लगभग 20 मामलों को मौके पर निस्तारित कर दिया गया। जबकि शेष मामलों को संबंधित विभागों में हस्तांतरित कर जांच कर कार्रवाई के निर्देश दिए गए। समाधान दिवस में डीएम के अलावा सीडीओ दीक्षा जैन, डीसीपी दिनेश त्रिपाठी, एसडीएम रश्मि लाम्बा, प्रभारी तहसीलदार सीपी राजपूत समेत कई अधिकारी मौजूद रहे।

फिर दिव्यांगजन को मिली खुशियों की सौगात

समाधान दिवस के बाद डीएम ने विशेष कैंप के तहत दिव्यांगजन सशक्तिकरण को दिशा दी। जिला दिव्यांगजन सशक्तीकरण अधिकारी ने बताया जिले के हाकिम से प्राप्त निर्देशों के क्रम मे दिव्यांगजन हेतु विशेष कैम्प का आयोजन हुआ। इसमें 102 दिव्यांगजनों के ऑनलाइन आवेदन करा कर विभागीय चिकित्सक द्वारा शारीरिक परीक्षण किया गया। इस दौरान डीएम ने 75 दिव्यांगजनो को यूडीआईडी कार्ड के रूप में दिव्यांगता प्रमाण पत्र निर्गत किया। जबकि 5 आवेदन निरस्त कर 22 को रेफर किया गया। इसके अलावा 3 दिव्यांगजन का पेंशन हेतु ऑनलाइन आवेदन भी कराया गया। जबकि 10 दिव्यांगजन को आय प्रमाण पत्र, 8 को राशन कार्ड और 10 को सहायक उपकरण योजना के अंतर्गत चिन्हित किया गया। एनपीसीआई मैप इंडिया पोस्ट पेमेंट बैंक में 10 दिव्यांगजन के खाते खोले गये।

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